रिपोर्ट सौरभ दीक्षित
फर्रुखाबाद/राजेपुर स्थित कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय में छात्राओं की शिक्षा और सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। ग्रामीणों ने जिलाधिकारी को शिकायती पत्र सौंपकर विद्यालय की वार्डन ममता रानी और अंशकालिक शिक्षिका सुकृति बघेल पर भ्रष्टाचार, सरकारी संसाधनों में अनियमितता तथा छात्राओं से निजी काम कराने जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं।ग्रामीणों का दावा है कि उनके पास ऐसे वीडियो हैं जिनमें कुछ छात्राएं कथित रूप से शिक्षिका के छोटे बच्चे की देखभाल करती हुई दिखाई दे रही हैं। शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि बच्चियां शिक्षकों के दबाव में ऐसा करने को मजबूर होती हैं। यदि जांच में यह सही पाया जाता है, तो यह न केवल शिक्षा के अधिकार बल्कि बाल संरक्षण से जुड़े नियमों का भी गंभीर मामला हो सकता है। शिकायत पत्र में यह भी आरोप लगाया गया है कि छात्राओं के लिए आने वाली खाद्य सामग्री और दैनिक उपयोग की वस्तुओं में कटौती की जाती है। इतना ही नहीं, विद्यालय का सामान बाहर रखकर उसकी आपूर्ति किए जाने तथा पहले की शिकायतों के बावजूद प्रभावी कार्रवाई न होने का भी आरोप लगाया गया है। ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से पूरे मामले की गोपनीय और निष्पक्ष जांच कराकर वीडियो की सत्यता की जांच करने तथा दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कड़ी विभागीय और कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
